संवाददाता तुकाराम कंसारी
@छत्तीसगढ़ लोकदर्शन, नवापारा राजिम। गोबरा नवापारा, नेशनल हाईवे-130 पर गोबरा नवापारा के महानदी पुल के पास विगत कई दिनों से सड़क किनारे पसरा लगाकर दुकानें सजाई जा रही हैं, जिसके कारण आए दिन ट्रैफिक जाम की स्थिति बन रही है। इन दुकानों के कारण न केवल स्थानीय निवासियों को परेशानी हो रही है, बल्कि सड़क दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ गया है। हाल के दिनों में इस क्षेत्र में कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, जिनमें लोगों की जान भी गई है, लेकिन न तो दुकानदारों को इसकी चिंता है और न ही प्रशासन कोई ठोस कदम उठा रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सावन के महीने में कांवड़ यात्रियों और अन्य लोगों की आवाजाही बढ़ने से शाम के समय जाम की स्थिति और गंभीर हो जाती है। सड़क पर दुकानों के कारण भारी वाहनों को निकलने की जगह नहीं मिलती, जिससे लंबी कतारें लग जाती हैं। एक स्थानीय निवासी ने बताया, “शाम होते ही यहां जाम लग जाता है। न तो एम्बुलेंस को रास्ता मिल पाता है और न ही लोगों को समय पर अपने गंतव्य तक पहुंचने का मौका। प्रशासन को इस ओर ध्यान देना चाहिए।”
हाल ही में मार्च 2025 में इस क्षेत्र में एक भीषण सड़क हादसा हुआ था, जिसमें एक तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर कपड़ा दुकान में घुस गई थी। इस हादसे में हंसराज कंसारी (40) की मौत हो गई थी, जबकि चार अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों ने गुस्से में आकर नेशनल हाईवे-130 पर चक्काजाम भी किया था।
स्थानीय लोगों और यात्रियों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि आखिर सड़क के बीच पसरा दुकानें किसके संरक्षण में लगाई जा रही हैं? नगर पालिका और पुलिस प्रशासन की चुप्पी इस मामले को और रहस्यमय बना रही है। लोगों का आरोप है कि प्रशासन तब तक कोई कार्रवाई नहीं करता, जब तक कोई बड़ा हादसा न हो जाए।
नगर पालिका और पुलिस प्रशासन से इस मुद्दे पर कोई ठोस जवाब नहीं मिला है। लोगों का कहना है कि प्रशासन की निष्क्रियता के कारण यह समस्या दिन-ब-दिन गंभीर होती जा रही है।
गोबरा नवापारा के महानदी पुल के पास सड़क किनारे पसरा दुकानों के कारण ट्रैफिक जाम और दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ता जा रहा है। सावन के महीने में भीड़ बढ़ने से स्थिति और चिंताजनक हो गई है। प्रशासन को तत्काल कार्रवाई कर इस समस्या का समाधान करना चाहिए, ताकि लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
