संवाददाता तुकाराम कंसारी
@छत्तीसगढ़ लोकदर्शन, गोबरा नवापारा। सुन्दरकेरा प्राथमिक कृषि साख समिति में फर्जी धान खरीदी एवं वित्तीय गड़बड़ी के गंभीर मामले में प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए त्वरित कार्रवाई की है। पूर्व प्राधिकृत अधिकारी गोपाल साहू को पद से हटाकर उनके स्थान पर निलकंठ साहू को नया प्राधिकृत अधिकारी नियुक्त किया गया है।
पूर्व अधिकारी पर फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से धान खरीदी और लाखों रुपये की अनियमित लेन-देन का आरोप था। इतना ही नहीं, समिति कर्मचारी हेमंत साहू के साथ हुए विवाद के बाद उन्हें मनमाने तरीके से बर्खास्त कर दिया गया और आर्थिक वसूली के गंभीर आरोप भी सामने आए।
यह मामला जब सार्वजनिक हुआ, तो ग्रामीणों ने रायपुर कलेक्टर, स्थानीय विधायक, मंत्रियों एवं संबंधित विभाग को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच की माँग की। मीडिया में खबरें आने और जनआंदोलन के बाद शासन-प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से गोपाल साहू को पद से हटा दिया।
🔷 नए प्राधिकृत अधिकारी के रूप में निलकंठ साहू की नियुक्ति से ग्रामीणों में संतोष और विश्वास का माहौल है। उन्होंने शासन-प्रशासन एवं संगठन को धन्यवाद ज्ञापित किया है।
📸 बधाई देने वालों में
अखिलेश ठाकुर, अनिल ठाकुर, टिकेंद्र साहू, सत्रुहन साहू, चैत राम साहू, गोवर्धन यादव, कमलेश यादव, संजु साहू, महेंद्र साहू, सुग्रीव साहू, प्रहलाद यादव, सरपंच धनेश्वर, मन्नु टंडन, अजय यादव, डिगेश्वर यादव, पुरन यादव, श्रीराम धुरू, भारत धुरू, दीपक दिवाकर समेत पूरे सुन्दरकेरा गांव के नागरिक शामिल रहे।
👉 प्रशासन की यह पारदर्शी कार्यवाही अन्य समितियों के लिए भी एक मजबूत संदेश के रूप में देखी जा रही है।
