भूमि पट्टा, खाद की कालाबाजारी पर रोक और एमएसपी सहित कई मुद्दों पर आंदोलन तेज
संवाददाता तुकाराम कंसारी
@छत्तीसगढ़ लोकदर्शन, राजिम। संयुक्त किसान मोर्चा, दिल्ली के देशव्यापी आह्वान पर भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) छत्तीसगढ़ की गरियाबंद जिला इकाई के नेतृत्व में किसानों ने बुधवार को राजिम में मोटरसाइकिल तिरंगा रैली निकालकर अपनी मांगों के समर्थन में जोरदार प्रदर्शन किया।
किसानों ने रैली के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम 15 सूत्रीय ज्ञापन अनुविभागीय अधिकारी (एसडीओ) राजिम को सौंपा। प्रमुख मांगों में वर्षों से काबिज भूमि पर पट्टे का अधिकार, खाद की कालाबाजारी पर रोक, बढ़ी हुई न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) का लाभ सीधे किसानों को, वन अधिकार पट्टा, तथा अंशकालिक एवं अनियमित कर्मचारियों का नियमितीकरण शामिल हैं।
रैली के बाद किसान प्रतिनिधिमंडल ने विधायक रोहित साहू से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा और इन मुद्दों पर शीघ्र समाधान की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समस्याओं का निराकरण जल्द नहीं हुआ, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।
रैली में किसानों का उत्साह और जोश देखने लायक था। सैकड़ों किसान तिरंगे झंडे के साथ मोटरसाइकिलों पर सवार होकर शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरे और ‘किसान एकता जिंदाबाद’, ‘हमारा हक हमें दो’ जैसे नारे लगाए।
इस प्रदर्शन को किसान नेताओं ने प्रदेश में कृषि नीति, भूमि अधिकार और कृषि इनपुट की पारदर्शिता के लिए संघर्ष का अगला कदम बताया है। उनका कहना है कि जब तक किसानों की जायज मांगें पूरी नहीं होंगी, आंदोलन जारी रहेगा।








